कलेक्टर श्री अंशुल गुप्ता एवं पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी ने आज संयुक्त रूप से ग्राम सतपाड़ा सराय पहुंचकर पीएम श्री शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री अंशुल गुप्ता ने कक्षा 11 वीं में पहुंचकर विद्यार्थियों से संवाद किया तथा विद्यालय में शैक्षणिक व्यवस्थाओं एवं अध्ययन-अध्यापन की स्थिति की जानकारी ली।
इस दौरान कलेक्टर ने विद्यार्थियों से भौतिक शास्त्र विषय से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछकर उनके विषयगत ज्ञान एवं समझ का परीक्षण किया। उन्होंने विद्यार्थियों से हाइजेनबर्ग के अनिश्चितता सिद्धांत के संबंध में भी प्रश्न किया।
कलेक्टर द्वारा पूछे गए प्रश्न का कक्षा 11 वीं की बायो विषय की छात्रा सुश्री अनुष्का धाकड़ ने सही एवं स्पष्ट रूप से उत्तर देते हुए हाइजेनबर्ग के अनिश्चितता सिद्धांत की परिभाषा बताई। छात्रा के संतोषजनक उत्तर पर कलेक्टर श्री अंशुल गुप्ता ने उसकी सराहना की तथा प्रोत्साहन स्वरूप उपहार में पेन प्रदान किया। कलेक्टर ने विद्यार्थियों से निरंतर अध्ययन करते हुए अपने ज्ञान को बढ़ाने और विषयों की मूल अवधारणाओं को समझकर पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया।
पुलिस अधीक्षक ने विद्यार्थियों को साइबर फ्रॉड से बचाव के प्रति किया जागरूक -
विद्यालय निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी ने कक्षा में उपस्थित विद्यार्थियों से संवाद किया तथा उन्हें साइबर फ्रॉड से बचाव और सोशल मीडिया एवं डिजिटल माध्यमों के सुरक्षित उपयोग के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी।उन्होंने विद्यार्थियों को जागरूक करते हुए कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में ऑनलाइन माध्यमों से साइबर फ्रॉड के मामले सामने आ रहे हैं।
ऐसे मामलों से बचने के लिए प्रत्येक व्यक्ति का जागरूक और सतर्क रहना अत्यंत आवश्यक है। पुलिस अधीक्षक श्री काशवानी ने विद्यार्थियों से कहा कि सोशल मीडिया, फोन कॉल, मैसेज अथवा किसी अन्य डिजिटल माध्यम से यदि कोई अज्ञात व्यक्ति ओटीपी, बैंक संबंधी जानकारी, पासवर्ड या अन्य निजी जानकारी मांगता है, तो ऐसी जानकारी किसी भी स्थिति में साझा न करें।
उन्होंने विद्यार्थियों को सतर्क रहने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल अपने अभिभावकों, शिक्षकों अथवा संबंधित अधिकारियों को देने की सलाह दी। उन्होंने विद्यार्थियों से डिजिटल माध्यमों का उपयोग सावधानीपूर्वक एवं सुरक्षित तरीके से करने का आह्वान किया, ताकि वे साइबर अपराध और ऑनलाइन धोखाधड़ी से स्वयं को सुरक्षित रख सकें।







